पटना, 15 जुलाई 2026। देश के बिजली वितरण क्षेत्र में डिजिटल बदलाव को गति देने के उद्देश्य से इंटेलीस्मार्ट इंफ्रास्ट्रक्चर ने बुधवार को पटना के नेऊरा में अपना छठा सेंटर ऑफ एक्सीलेंस (CoE) शुरू किया। यह केंद्र युवाओं को स्मार्ट मीटरिंग और आधुनिक ऊर्जा प्रौद्योगिकी से जुड़े कौशल में निःशुल्क प्रशिक्षण देकर रोजगार के नए अवसर उपलब्ध कराएगा।
केंद्र का उद्घाटन पटना सर्किल के विद्युत अधीक्षण अभियंता श्री प्रेम कुमार प्रवीण ने किया। इस अवसर पर पटना ग्रामीण के विद्युत कार्यपालक अभियंता श्री आनंद सुमन, पटना सर्किल के विद्युत कार्यपालक अभियंता श्री अविनाश कुमार तथा सीनियर मैनेजर (रेवेन्यू) श्री मृणाल कुमार सहित कई अधिकारी उपस्थित रहे।
इंटेलीस्मार्ट ने अपना पहला सेंटर ऑफ एक्सीलेंस 5 जून 2025 को उत्तर प्रदेश के दादरी में स्थापित किया था। अब तक कंपनी देशभर में 1,630 से अधिक युवाओं को प्रशिक्षण दे चुकी है। पिछले दो सप्ताह के दौरान मेरठ, बरेली, पलसाना (सूरत) और नडियाद (गुजरात) में भी नए प्रशिक्षण केंद्र शुरू किए गए हैं।
नेऊरा स्थित सेंटर ऑफ एक्सीलेंस में युवाओं को डिस्ट्रिब्यूशन ट्रांसफॉर्मर (DT) मीटर, कंज्यूमर मीटर और फीडर मीटर की स्थापना एवं कॉन्फ़िगरेशन का व्यावहारिक प्रशिक्षण दिया जाएगा। इसके अलावा सोलर रूफटॉप सिस्टम, नवीकरणीय ऊर्जा एकीकरण, मांग का आकलन, ऑपरेशन एवं मेंटेनेंस, कंज्यूमर इंडेक्सिंग तथा व्यवहारिक कौशल जैसे विषयों पर भी प्रशिक्षण प्रदान किया जाएगा।
यह प्रशिक्षण पूरी तरह निःशुल्क होगा और देश के किसी भी राज्य के 18 वर्ष या उससे अधिक आयु के आईटीआई, डिप्लोमा या बी.टेक योग्य उम्मीदवार इसमें भाग ले सकेंगे। प्रशिक्षण पूरा करने के बाद प्रतिभागियों को प्रमाणपत्र दिया जाएगा, जिसके आधार पर वे अपनी पसंद के एएमआईएसपी (AMISP) के साथ या इंटेलीस्मार्ट में रोजगार के अवसर प्राप्त कर सकेंगे।
इस अवसर पर इंटेलीस्मार्ट के प्रबंध निदेशक एवं मुख्य कार्यकारी अधिकारी (एमडी एवं सीईओ) अनिल रावल ने कहा कि भारत की ऊर्जा क्रांति केवल नई तकनीकों से नहीं, बल्कि उन्हें लागू करने और बड़े पैमाने पर संचालित करने वाले प्रशिक्षित मानव संसाधन से सफल होगी। उन्होंने कहा कि देश में 500 गीगावाट नवीकरणीय ऊर्जा क्षमता और 25 करोड़ स्मार्ट मीटर लगाने के लक्ष्य को पूरा करने के लिए कुशल ऊर्जा पेशेवरों की बड़ी आवश्यकता है और सेंटर ऑफ एक्सीलेंस इसी दिशा में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा।
देश में संशोधित वितरण क्षेत्र योजना (RDSS) के तहत 25 करोड़ स्मार्ट मीटर लगाने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है। ऐसे में प्रशिक्षित और प्रमाणित तकनीशियनों की उपलब्धता इस महत्वाकांक्षी अभियान की सफलता के लिए बेहद महत्वपूर्ण मानी जा रही है।
इंटेलीस्मार्ट के बारे में
इंटेलीस्मार्ट इंफ्रास्ट्रक्चर भारत की अग्रणी डिजिटल इंफ्रास्ट्रक्चर कंपनी है। यह नेशनल इन्वेस्टमेंट एंड इंफ्रास्ट्रक्चर फंड (NIIF) और एनर्जी एफिशिएंसी सर्विसेज लिमिटेड (EESL) का संयुक्त उपक्रम है। कंपनी अब तक उत्तर प्रदेश, असम, गुजरात और बिहार में 80 लाख से अधिक स्मार्ट मीटर स्थापित कर चुकी है, जबकि इसका कुल ऑर्डर बुक 2.28 करोड़ स्मार्ट मीटर का है। कंपनी का उद्देश्य स्मार्ट मीटरिंग, उपभोक्ता डेटा प्रबंधन और एआई आधारित डिजिटल समाधानों के माध्यम से बिजली वितरण क्षेत्र को अधिक दक्ष, पारदर्शी और भविष्य के लिए तैयार बनाना है।
